प्रमुख कार्यक्रम

  • 1. संस्थान द्वारा दिनांक १२ व १३ अगस्तर, ०५ को तुलसी जयन्ती समरोह का आयोजन किया गया जिसमें मानस पाठ व्याख्यान, प्रवचन, काव्यपाठ, मानस गायन प्रतियोगिता के अतिरिक्त सांस्कृतिक कार्यक्रमों का भी आयोजन किया गया।

  • 2. सितम्बर में को राधाष्टमी के अवसर पर सुश्री सिंह द्वारा रामकथा विषय पर कथक नृत्य प्रस्तुत किया गया।

  • 3. संस्थान द्वारा बाबा जयराम दास व्यास के निर्देशन में अवध की पारम्परिक रामलीला का प्रशिक्षण दिनांक १५ अक्टूबर से ११ नवम्बर के मध्य किया गया।

  • 4. संस्थान द्वारा महर्षि बाल्मीकि शीर्षक पर अन्तर्राष्ट्‌ीय संगोष्ठी का अयोजन किया गया जिसमें फान्स, लन्दन व राष्ट्‌ीय विद्वानों ने शोध पत्रों को पढ़ा। हंगरी की सुश्री रोजैलिया द्वारा निर्मित रामकथा विषयक चित्रों की प्रदर्शनी तथा फ्रान्स के डेनियन शंकर द्वारा मृदंग वादन की प्रस्तुति की गयी।

  • 5. अनवरत रामलीला के अन्तर्गत देश के विभिन्न क्षेत्रों की पारम्परिक रामलीला का प्रदर्शन हुआ। इस अवधि में २० दलों ने भाग लिया तथा विभिन्न शैलियों में रामलीला की प्रस्तुति की गयी।